एमपी में लुटेरी दुल्हनों का खौफ बढ़ता जा रहा है। उज्जैन के बाद जबलपुर, दमोह और शाजापुर से चौकाने वाले मामले सामने आए हैं। अविवाहित युवाओं को आए दिन यह गैंग अपना शिकार बना रही है। वहीं, एक मामले में पुलिस ने महिला सरगना सहित 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया, जो शादी के नाम पर ठगी करने वाले गिरोह से जुड़े बताए जा रहे हैं।

मध्य प्रदेश में इन दिनों लुटेरी दुल्हनों के निशाने पर प्रदेश के अविवाहित युवा हैं। पिछले कुछ माह से लुटेरी दुल्हनों का शिकार होने वाले युवाओं की संख्या बढ़ी है। एक ऐसे ही मामले में बीते शुक्रवार को उज्जैन पुलिस को प्रॉपर्टी ब्रोकर के अपहरण और फिरौती की शिकायत मिली। आरोपी युवती ने ब्रोकर को मिलने के बहाने बुलाया था। जैसे ही वह पहुंचा, वहां पहले से मौजूद उसके छह साथियों ने उसे जबरन कार में बैठा लिया। युवक को पास के जंगल में ले जाकर मारपीट की गई और 50 लाख रुपये की फिरौती मांगी गई। परिजनों को जब फिरौती के लिए फोन आया, तो उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी। मोबाइल लोकेशन ट्रेस कर पुलिस ने कार का पीछा किया। शाजापुर के पास कार पलट गई, जिसके बाद पुलिस ने ब्रोकर को सुरक्षित छुड़ाया और मुख्य महिला आरोपी सहित 6 लोगों को गिरफ्तार कर लिया। जांच में पता चला कि यह युवती शादी के नाम पर ठगी करने वाली गैंग की सरगना है, जो शाजापुर में पहले से वांटेड थी। उज्जैन पुलिस की गिरफ्त में आने के बाद अब कई ठगी के शिकार लोग सामने आने लगे हैं।

शादी के नाम पर ठगी का रैकेट

शादी के नाम पर ठगी करने वाली इस गैंग की सरगना  कृतिका जैन (28) है। पुलिस ने उसे उसकी बहन आयना जैन (22), चाची पुष्पा जैन (55) और तीन अन्य दलालों के साथ गिरफ्तार किया है। बताया जा रहा है कि यह गैंग प्रदेशभर में फैला हुआ है। ये लोग दलालों की मदद से रिश्ता तय करवाते, शादी के बाद दूल्हे के परिवार से नकद और गहने लेकर फरार हो जाते थे।

दमोह में ठगी का मामला

दमोह निवासी मूलचंद जैन ने उज्जैन और दमोह पुलिस को शिकायत दी थी कि इस गैंग ने उनके बेटे ऋषभ जैन से शादी का झांसा देकर 6 लाख रुपये और 5 तोला सोने के गहनों की ठगी की।

  • जून 2025 में मूलचंद की मुलाकात दलाल प्रकाश पटेल से हुई, जिसने जबलपुर के मुन्ना चौहान और राधा ठाकुर से मिलवाया।

  • इनके जरिए कृतिका जैन का रिश्ता तय हुआ। 11 जून 2025 को जबलपुर के एक होटल में सगाई हुई। सगाई में 50 हजार रुपये नकद दिए गए।

  • दो दिन बाद गढ़ाकोटा (दमोह) में शादी करवाई गई। शादी के बाद कृतिका पति ऋषभ के साथ घर आई।

  • 23 जून को ऋषभ, कृतिका को लेकर कुंडलपुर गया। उसके पास 6 लाख रुपये थे और कृतिका शादी के गहने पहनकर आई थी। होटल में कमरा बुक करने के बाद जब ऋषभ लौटा, तो कृतिका कार से गायब थी। 

मूलचंद और ऋषभ जब जबलपुर में उसके किराए के घर पहुंचे, तो मकान मालिक ने बताया कि कृतिका और उसके परिवार वाले रातों-रात सामान समेटकर भाग गए। बाद में दमोह थाने में केस दर्ज कराया गया।

शाजापुर का मामला

शाजापुर निवासी विपिन विश्वकर्मा से भी शादी के नाम पर इसी गैंग ने ठगी की थी। इस मामले में शाजापुर पुलिस भी जेल से प्रोडक्शन वारंट पर आरोपियों को ले जाकर पूछताछ करेगी।

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